जी राम जी अधिनियम को लेकर प्रदेशव्यापी अभियान चलाएगी भाजपा

लखनऊ, गांव, गरीब और किसान के समग्र विकास को गति देने के उद्देश्य से केंद्र सरकार द्वारा लाए गए “जी राम जी अधिनियम 2025 “ को लेकर भारतीय जनता पार्टी प्रदेशभर में व्यापक जनसंवाद अभियान चलाएगी। इस अभियान के तहत पार्टी कार्यकर्ता गांव, गली, मजरे और चौपालों तक पहुंचकर आमजन को इस अधिनियम से मिलने वाले लाभों की जानकारी देंगे।
मंगलवार को राजधानी लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित एनडीए की प्रदेश स्तरीय कार्यशाला में केंद्रीय संसदीय कार्य एवं अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री श्री किरेन रिजिजू ने कहा कि जी राम जी विकसित भारत की मजबूत नींव है। उन्होंने कहा कि जब तक ग्रामीण भारत विकसित नहीं होगा, तब तक 2047 तक विकसित भारत का सपना पूरा नहीं हो सकता। यह अधिनियम केवल रोजगार उपलब्ध कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि गांवों में स्थायी बुनियादी ढांचे, पारदर्शिता और समग्र विकास का रोडमैप है।
श्री रिजिजू ने कहा कि जी राम जी के माध्यम से गांवों में पेयजल, स्वास्थ्य, शिक्षा, खेल मैदान, सामुदायिक भवन और अन्य बुनियादी सुविधाओं का निर्माण होगा। तकनीक आधारित निगरानी प्रणाली से पारदर्शिता बढ़ेगी और भ्रष्टाचार पर सख्त नियंत्रण सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की सफलता ही देश की सफलता है और आज प्रदेश में कानून-व्यवस्था व इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में ऐतिहासिक सुधार देखने को मिल रहा है।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी ने कहा कि जी राम जी मजदूर, किसान और गांव के विकास का मंत्र है। उन्होंने बताया कि इस अधिनियम के तहत ग्रामीण परिवारों को हर वर्ष 125 दिन का रोजगार मिलेगा, जबकि वन क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों को अतिरिक्त 25 दिन का कार्य दिया जाएगा। साथ ही मजदूरी का भुगतान साप्ताहिक रूप से सीधे खाते में किया जाएगा।
उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि जी राम जी अधिनियम गरीब, वंचित और श्रमजीवी वर्ग को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कदम है। गांवों में रोजगार मिलने से पलायन रुकेगा और स्थानीय स्तर पर विकास को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक जैसे बायोमेट्रिक सत्यापन, जीआईएस और फेस रीडिंग से योजनाओं का लाभ सही व्यक्ति तक पहुंचेगा।
उपमुख्यमंत्री श्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि यह अधिनियम गरिमा, विकास और विश्वास का प्रतीक है। गांवों में जल संरक्षण, सड़कों और आजीविका से जुड़े कार्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करेंगे।





