नोएडा में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, क्रूज नौकरी के नाम पर ठगी करने वाले चार गिरफ्तार

सेंट्रल नोएडा, उत्तर प्रदेश के सेंट्रल नोएडा जोन की सेक्टर-63 थाना पुलिस और साइबर टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक बड़े फर्जी कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया है। यह गिरोह लोगों को क्रूज पर नौकरी दिलाने, मेडिकल फिटनेस चेकअप कराने, वर्क ऑर्डर और वीजा दिलवाने के नाम पर ठगी कर रहा था। पुलिस ने मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी, उन्होंने कहा कि सेंट्रल नोएडा जोन क्षेत्र सेक्टर-63 स्थित एच-90 में “सी जोन रिक्रूटमेंट एंड ट्रेनिंग” नाम से फर्जी कॉल सेंटर संचालित किया जा रहा था। आरोपी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म जैसे फेसबुक, इंस्टाग्राम और अन्य ऐप्स के जरिए युवाओं को क्रूज जॉब का लालच देते थे।
इसके बाद झांसे में आए युवाओं से अलग-अलग चरणों में पैसे वसूले जाते थे—जिसमें की मेडिकल चेकअप के नाम पर दस हजार, ट्रेनिंग के नाम पर पैंतालिस हजार,वर्क ऑर्डर और वीजा के लिए पच्चीस हजार वसूलते थे।
रकम लेने के बाद आरोपी अपने मोबाइल बंद कर लेते थे और ऑफिस का स्थान बदल देते थे, ताकि पकड़े न जा सकें।
पुलिस ने इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है,जिनकी पहचान नितिन कुमार,सचिन कुमार,अमन कुमार, वीरेन्द्र कुमार सभी आरोपी प्रयागराज और गाजियाबाद/नोएडा क्षेत्र के रहने वाले हैं और कम उम्र में ही ठगी के इस नेटवर्क से जुड़े हुए थे।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से—चार लैपटॉप, ग्यारह मोबाइल फोन, नौ विभिन्न बैंकों के डेबिट कार्ड,बारह हजार नकद,नौ फर्जी ऑफर लेटर,कॉलिंग स्क्रिप्ट/पिच,मेडिकल सेंटर से जुड़े दस्तावेज,फर्जी मेडिकल सर्टिफिकेट और कैंडिडेट कॉलिंग लिस्ट बरामद किए हैं।
जांच में सामने आया कि आरोपियों के पास कोई वैध जीएसटी नंबर नहीं था। वे ठगी की रकम अपने और अपने साथियों के बैंक खातों में ट्रांसफर या नकद के रूप में लेते थे।
पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सेक्टर-63 थाना में बीएनएस की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट की धारा 66डी के तहत मुकदमा दर्ज किया है। आगे की जांच जारी है और यह पता लगाया जा रहा है कि इस गिरोह ने अब तक कितने लोगों को ठगा है।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी नौकरी के नाम पर पैसे मांगने वाले कॉल या ऑनलाइन ऑफर से सतर्क रहें। किसी भी कंपनी की वैधता की जांच किए बिना पैसा ट्रांसफर न करें।





