पीएनजी और एलपीजी दोनों कनेक्शन रखने वालों पर सख्ती, एक कनेक्शन चुनना होगा

गौतमबुद्धनगर, उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में गैस उपभोक्ताओं के लिए बड़ा निर्देश जारी किया गया है। जिलाधिकारी ने एलपीजी और पाइप्ड प्राकृतिक गैस (पीएनजी) से संबंधित कंपनियों को केंद्र सरकार की अधिसूचना का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। यह आदेश पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की 14 मार्च 2026 को जारी अधिसूचना के अनुपालन में जारी किया गया है।
जिलाधिकारी द्वारा शनिवार को जारी किए गए आदेश व निर्देश की जानकारी साझा की गई।
जिसमें उनके द्वारा उल्लेखनीय किया गया,इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल), भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल), हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) तथा इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (आईजीएल) के अधिकारियों को स्पष्ट रूप से अवगत कराया गया है कि ऐसे उपभोक्ता, जिनके पास एक साथ पीएनजी और घरेलू एलपीजी कनेक्शन हैं, वे अब दोनों सुविधाओं का लाभ नहीं ले सकेंगे।
अधिसूचना के अनुसार, यदि किसी व्यक्ति के पास पाइप्ड प्राकृतिक गैस (पीएनजी) कनेक्शन है, तो उसे अपना घरेलू एलपीजी कनेक्शन तत्काल प्रभाव से सरेंडर करना होगा। साथ ही, ऐसे उपभोक्ता भविष्य में एलपीजी सिलेंडर का रिफिल भी नहीं ले पाएंगे। इसी प्रकार, जिनके पास पहले से पीएनजी कनेक्शन है, उन्हें नया एलपीजी कनेक्शन भी जारी नहीं किया जाएगा।
प्रशासन ने यह कदम गैस वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से उठाया है, ताकि संसाधनों का सही उपयोग सुनिश्चित किया जा सके और अनावश्यक दोहरे लाभ को रोका जा सके।
जिलाधिकारी ने संबंधित कंपनियों के डिविजनल हेड, महाप्रबंधक, उप महाप्रबंधक और टेरीटरी मैनेजर को निर्देशित किया है कि वे आपसी समन्वय स्थापित कर ऐसे सभी उपभोक्ताओं की पहचान करें और जल्द से जल्द आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। इसके तहत डाटा मिलान, सत्यापन और कनेक्शन समाप्त करने की प्रक्रिया को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा।
प्रशासन ने आम जनता से भी अपील की है कि यदि उनके पास दोनों प्रकार के गैस कनेक्शन हैं, तो वे स्वेच्छा से नियमों का पालन करते हुए एक कनेक्शन का चयन कर दूसरे को वापस कर दें, जिससे भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा या कार्रवाई से बचा जा सके।





