मानवीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर हो बैरक का निर्माण : आनंदीबेन पटेल

लखनऊ, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने मॉडल बैरक के डिजाइन की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए हैं कि बैरकों का निर्माण सुव्यवस्थित, सुरक्षित और मानवीय आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर किया जाए।
उन्होंने कहा कि बैरकों में अलमारी, बेड, स्वच्छ बाथरूम और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनियोजित ढंग से उपलब्ध होनी चाहिए, ताकि कार्मिकों को बेहतर आवासीय वातावरण मिल सके।
शुक्रवार को राजभवन में तैनात प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी (पीएसी) बल के लिए प्रस्तावित मॉडल बैरक निर्माण के संबंध में विस्तृत प्रस्तुतिकरण दिया गया। प्रस्तुतिकरण के दौरान राज्यपाल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि पीएसी बल की सुविधा और कार्यक्षमता को प्राथमिकता देते हुए मॉडल बैरक का निर्माण उच्च गुणवत्ता और निर्धारित मानकों के अनुरूप सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि भोजन, विश्राम, नींद और आराम प्रत्येक कार्मिक के लिए आवश्यक हैं, इसलिए इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए सुविधाएं विकसित की जानी चाहिए।
बैठक में राज्यपाल ने राशन व्यवस्था पर भी सुझाव देते हुए कहा कि राशन की सामूहिक खरीद की जाए, जिससे लागत में कमी आएगी। इससे होने वाली बचत का उपयोग भोजन की गुणवत्ता सुधारने और पौष्टिक सामग्री उपलब्ध कराने में किया जा सकता है। इसके साथ ही उन्होंने बाजार से क्रय किए जाने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए टेस्टिंग किट खरीदने का सुझाव दिया, ताकि नियमित जांच के माध्यम से खाद्य सामग्री की शुद्धता बनी रहे।
राज्यपाल ने कहा कि पीएसी बल राज्य की सुरक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी है और उनके लिए बेहतर आवासीय व मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
इस अवसर पर विशेष कार्याधिकारी राज्यपाल (अपर मुख्य सचिव स्तर) सुधीर महादेव बोबडे, विशेष कार्याधिकारी शिक्षा पंकज एल. जानी, कुलपति जे.पी. पाण्डेय, आर्किटेक्चर विभाग की प्रधानाचार्य एवं डीन वंदना सहगल, आर्किटेक्ट आंजनेय सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।





