सुलतानपुर, नकल विहीन परीक्षा का संकल्प ले चुकी योगी सरकार बोर्ड परीक्षा वायस रिकार्डर युक्त सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में करायेगी और प्रत्येक कक्ष में एक आन्तरिक के अलावा एक वाह्य कक्ष निरीक्षक भी तैनात किये जायेंगे। परीक्षा की शुचिता भंग करने को आजीवन कारावास और एक करोड़ रूपये तक का जुर्माना भी भरना पड़ सकता है।
जिला विद्यालय निरीक्षक रविशंकर ने सोमवार को बताया कि जिलाधिकारी कुमार हर्ष की अध्यक्षता में आज 127 परीक्षा केन्द्रों के केन्द्राध्यक्षों तथा पांच जोनल मजिस्ट्रेटों, 22 सेक्टर मजिस्ट्रेटों तथा 127 स्ट्रेटिक मजिस्ट्रेटों का प्रशिक्षण हुआ। केन्द्र व्यवस्थापकों को 24 फरवरी से प्रारम्भ होने वाली बोर्ड परीक्षा के लिये शासन से प्राप्त निर्देशों से अवगत कराया गया। जिसमें प्रश्न पत्रों के डबल लॉक आलमारियों तथा वायस रिकार्डर युक्त सी.सी.टी.वी. निगरानी में रखें जाने के सन्दर्भ में सावधानियां व दिशा-निर्देश दिये गये।
रविशंकर ने बताया कि परीक्षा की सुचिता महत्वपूर्ण तथा शासन की प्राथमिकता है। इसके अनुपालन में कोई भी कमी छोड़ी नहीं जायेगी। परीक्षा केन्द्र से सामूहिक नकल अथवा अप्रिय स्थिति की सूचना पर या किसी अराजक तत्व द्वारा प्रश्न पत्र के पूर्व प्रगटन या अफवाह फैलाने की स्थिति में उप्र सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम- 2024 के अन्तर्गत प्रभावी कार्यवाही की जायेगी, जिसके अन्तर्गत आजीवन कारावास, एक करोड़ रूपये जुर्मानें जैसे सख्त प्रावधान किये गये हैं। प्रत्येक परीक्षा केन्द्र पर पर्याप्त सुरक्षा बल तथा सुगम यातायात की व्यवस्था की गयी है।