नई दिल्ली, भारत सरकार पाकिस्तान के साथ अच्छे पड़ोसी संबंध का रिश्ता चाहती है। लोकसभा में एक लिखित जवाब में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कहा कि विदेश सचिव स्तर की वार्ता रद्द होने के बाद भी भारत सरकार मानवीय मसलों को सुलझाने और लोगों के बीच संपर्क के लिए द्विपक्षीय राजनयिक माध्यमों से पाकिस्तान के संपर्क में है।
उन्होंने कहा कि भारत-पाक विदेश सचिव स्तर की वार्ता पठानकोट आतंकी हमले और पाकिस्तान से प्रायोजित आतंकवाद के कारण परवान नहीं चढ़ सकी। सरकार आतंकवाद को संरक्षण देने की पाकिस्तान की नीति को अपने कूटनीतिक माध्यमों से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दुनिया के सामने बेनकाब कर रही है। स्वराज ने कहा, कश्मीर मसले के अंतरराष्ट्रीयकरण की पाकिस्तान की कोशिश को भी नाकाम करने में सरकार सक्षम है। इस बीच सरकार ने भारतीय वार्ताकारों को यह साफ कर दिया है कि भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्ता एक शांतिपूर्ण संवाद के माध्यम से सिर्फ अनुकूल वातावरण में ही किया जा सकता है।