हरिद्वार में कुंभ मेले को दिव्य-भव्य बनाने के लिए मेला प्रशासन और आश्रमों का साझा संकल्प

हरिद्वार, उत्तराखंड के हरिद्वार में आयोजित होने वाले कुंभ मेला के सुव्यवस्थित और सफल आयोजन को लेकर मेला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। सीसीआर भवन में गुरुवार को मेला अधिकारी सोनिका की अध्यक्षता में कुंभ क्षेत्र के आश्रम संचालकों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें मेले की व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में संत-महात्माओं और आश्रम प्रतिनिधियों ने राज्य सरकार एवं मेला प्रशासन द्वारा की जा रही तैयारियों की सराहना करते हुए पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि दिव्य और भव्य कुंभ आयोजन सुनिश्चित करने के लिए सभी आश्रम अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन प्रतिबद्धता के साथ करेंगे।
मेला अधिकारी सोनिका ने आश्रम संचालकों को भरोसा दिलाया कि मेले के दौरान उन्हें समुचित सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की समस्या या सुझाव के लिए संबंधित अधिकारियों से सीधे संपर्क किया जा सकता है। प्रशासन और संत समाज के बीच निरंतर संवाद और समन्वय बनाए रखने पर विशेष बल दिया गया।
बैठक में बताया गया कि कुंभ क्षेत्र के सौंदर्यीकरण, सजावट तथा लाइट एवं साउंड शो के आयोजन की भी योजना है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सड़क, पुल और घाटों के सुधार कार्य तेजी से किए जा रहे हैं। स्वच्छता, सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को प्राथमिकता दी जा रही है।
अपर मेला अधिकारी दयानंद सरस्वती ने बताया कि मेले से जुड़े स्थायी कार्य प्रारंभ कर दिए गए हैं और उन्हें अक्टूबर तक पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रमुख स्नान पर्वों के दौरान यातायात प्रबंधन, रेलवे स्टेशनों से शटल सेवा, पॉलीथीन पर नियंत्रण तथा आश्रमों के लिए बिजली-पानी बिल में राहत जैसे सुझाव भी बैठक में सामने आए।
महामंडलेश्वर यतीन्द्रानंद गिरी, रूपेन्द्र प्रकाश, ललितानंद गिरी, मैत्री गिरी, हेमा सरस्वती, स्वामी अनंतानंद सहित अनेक संतों ने मेले की तैयारियों पर संतोष व्यक्त करते हुए इसे अनुकरणीय बनाने का संकल्प दोहराया।




