सेवा दान फाउंडेशन संस्था द्वारा एक साथ तीन अजगर और एक विषखापार का किया रेस्क्यू

कानपुर,संस्था द्वारा पिछले कई वर्षों से बेजुबान निराश्रित पशु पक्षियों एवं सरीसृप प्रजाति को बचाने का कार्य किया जा रहा है इसी क्रम में संस्था को रूमा से अजगर निकलने की सूचना मिली।
संस्था से जुड़े अभिनंदन मिश्रा जी द्वारा रेस्क्यू का कार्य शुरू किया गया और ऐसे में तीन अजगर और एक मॉनिटर लिजर्ड को उसी जगह से सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। और उन्हें सुरक्षित अनुकूलतम पर्यावरणीय क्षेत्र में आजाद किया गया।
संस्था के संस्थापक का आशुतोष त्रिपाठी जी ने बताया कि यह समय सरीसृप प्रजाति के लिए हाइबरनेशन का समय होता है ऐसे में सांप अजगर एवं अन्य सरीसृप प्रजातियां ठंडे रक्त वाले जीव अत्यधिक तापमान के प्रति विशेष रूप से संवेदनशील होते हैं। ऐसे में यह खाना पीना बंद कर देते हैं जब सांप 60 डिग्री फ़ारेनहाइट से कम तापमान के संपर्क में आते हैं, तो वे सुस्त हो जाते हैं और जब वे 95 डिग्री फ़ारेनहाइट से अधिक तापमान के संपर्क में आते हैं, तो वे अत्यधिक गर्म हो जाते हैं।सर्दी से पहले, सांप वसा और ग्लाइकोजन जमा करते हैं और सर्दियों के दौरान, वे जीवित रहने के लिए मुख्य रूप से अपने ग्लाइकोजन स्तर पर निर्भर रहते हैं।
रिपोर्टर – मनोज सिन्हा





