UP में जल्द पूरी होगी 81 हज़ार पदों पर भर्ती, CM योगी ने गृह विभाग की बैठक में दिये निर्देश

लखनऊ, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गृह विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में कानून-व्यवस्था, पुलिस आधुनिकीकरण और जनसुरक्षा को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रदेश में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ व प्रभावी बनाया जाए।
मुख्यमंत्री योगी ने गुरुवार देर रात हुई बैठक में निर्देश दिया कि वर्ष 2026 के दौरान उत्तर प्रदेश पुलिस में 81 हजार से अधिक पदों पर भर्ती की प्रक्रिया पूरी की जाए। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में वरीयता और आरक्षण नियमावली का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
कानून-व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रदेश में अपराध नियंत्रण के लिए और अधिक प्रभावी रणनीति अपनाई जाए। उन्होंने पीआरवी 112 की कार्यप्रणाली की समीक्षा करते हुए कहा कि वर्तमान में 6 मिनट का रिस्पांस टाइम सराहनीय है, लेकिन इसे और कम करने के लिए तकनीकी और प्रबंधन स्तर पर सुधार किए जाएं।
लखनऊ में लंबे समय से तैनात पुलिसकर्मियों को लेकर भी मुख्यमंत्री ने सख्ती दिखाई। उन्होंने राजभवन, मुख्यमंत्री आवास और पुलिस मुख्यालय सहित संवेदनशील स्थलों पर वर्षों से जमे पुलिसकर्मियों का स्थानांतरण करने के निर्देश दिए।
अग्निशमन सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए मुख्यमंत्री ने एक तहसील-एक दमकल वाहन योजना को तेजी से लागू करने पर जोर दिया। साथ ही हर जिले में हाइड्रोलिक दमकल वाहन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
कारागार व्यवस्था को आधुनिक बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने जेलों में आभासी माध्यम से पेशी की समुचित व्यवस्था विकसित करने को कहा, ताकि सुरक्षा और समय दोनों की बचत हो सके। डिजिटल सुधारों पर बल देते हुए उन्होंने पुलिस रेडियो में ई-ऑफिस प्रणाली लागू करने और प्रदेश के सभी 75 जिलों में डिजिटल ढांचे को मजबूत करने के निर्देश दिए।
इसके अलावा, नागरिक सुरक्षा को मजबूत बनाने के लिए 7500 स्वयंसेवकों के शीघ्र प्रशिक्षण पर जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने साइबर ठगी की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के भी निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।





