अमित शाह पहुंचे भाजपा दफ्तर, संगठन-सरकार के समन्वय पर चर्चा

लखनऊ, केंद्रीय गृहमंत्री और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता अमित शाह शनिवार को लखनऊ स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय पहुंचे। गृहमंत्री करीब 40 मिनट तक पार्टी कार्यालय में रुके और इस दौरान पार्टी पदाधिकारियों व वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात की।
उनके साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य भी मौजूद रहे। भाजपा मुख्यालय में अमित शाह का यह दौरा राजनीतिक दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है। विधानसभा चुनाव 2022 के बाद यह पहला अवसर है जब वे प्रदेश पार्टी कार्यालय पहुंचे। पदाधिकारियों से औपचारिक भेंट के साथ-साथ संगठन से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा की।
इससे पहले राष्ट्र प्रेरणा स्थल पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान अपने संबोधन में गृहमंत्री अमित शाह ने योगी सरकार की नीतियों और कार्यशैली की जमकर सराहना की। उन्होंने उत्तर प्रदेश में विकास, कानून-व्यवस्था और सुशासन के मॉडल को देश के लिए प्रेरणास्रोत बताया।
अमित शाह का यह दौरा ऐसे समय में हुआ है जब प्रदेश में मंत्रिमंडल विस्तार और संगठन में बड़े बदलावों की चर्चाएं जोरों पर हैं। राजनीतिक हलकों में उनके इस दौरे को प्रदेश की आगामी राजनीतिक दिशा तय करने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी के कार्यभार संभालने के बाद अमित शाह का यह पहला लखनऊ दौरा था। इस दौरान उन्होंने नए नेतृत्व को संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने का विशेष मंत्र दिया। एक वरिष्ठ पदाधिकारी के अनुसार, प्रदेश कार्यालय में गृहमंत्री ने पार्टी के ‘चुनिंदा’ वरिष्ठ नेताओं के साथ बंद कमरे में बैठक की। बैठक में प्रदेश के संगठनात्मक ढांचे, प्रस्तावित योगी मंत्रिमंडल के विस्तार को लेकर चर्चा हुई।
सूत्रों की मानें तो अमित शाह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और संगठन के शीर्ष पदाधिकारियों के साथ संभावित मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर नामों पर भी विचार-विमर्श किया। इसके साथ ही हाल के दिनों में विपक्ष द्वारा उठाए जा रहे जातीय जनगणना , एसआईआर समेत अन्य मुद्दों के जवाब में भाजपा की रणनीति पर भी गहन चर्चा की गई।





