इसरो में वैज्ञानिकों से मिले निर्माण श्रमिकों के बच्चे, जाना अंतरिक्ष का संसार

वाराणसी, योगी सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘अटल आवासीय विद्यालय’ के तहत निर्माण श्रमिकों के बच्चों को नई उड़ान मिल रही है। वाराणसी के करसड़ा स्थित अटल आवासीय विद्यालय के दो विद्यार्थियों का चयन शैक्षणिक भ्रमण के लिए भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र के लिए हुआ है। छात्रा अपर्णा और छात्र श्रेयांश विश्वकर्मा ने इसरो के वैज्ञानिकों से मुलाकात कर अंतरिक्ष विज्ञान और ब्रह्मांड के रहस्यों की जानकारी प्राप्त की।
विद्यालय के प्रधानाचार्य सत्येंद्र प्रसाद सिंह ने बताया कि दोनों विद्यार्थियों का चयन गणित और विज्ञान विषय में उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया। तीन दिवसीय (5 से 7 फरवरी) शैक्षणिक भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने इसरो की कार्यप्रणाली को समझा और स्पेस साइंस से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों की जानकारी ली। इसके अलावा वे महाबलीपुरम के मंदिर, संग्रहालय, समुद्री तट तथा चेन्नई के अन्य प्रमुख स्थलों का भी भ्रमण करेंगे। उपश्रमायुक्त डॉ. महेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि दोनों विद्यार्थी लखनऊ से हवाई मार्ग से श्रीहरिकोटा पहुंचे।
प्रदेश के मंडल मुख्यालयों पर संचालित अटल आवासीय विद्यालयों में निर्माण श्रमिकों, निराश्रित एवं मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के पात्र बच्चों को निःशुल्क शिक्षा दी जा रही है। सीबीएसई पाठ्यक्रम पर आधारित इन विद्यालयों में स्मार्ट क्लास, कंप्यूटर व एस्ट्रोनॉमी लैब सहित सभी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। विद्यार्थियों के अभिभावकों ने सरकार के प्रति आभार जताते हुए कहा कि इस पहल से उनके बच्चों के सपनों को नई दिशा मिली है।




