चुनाव आयोग ने जारी की उप्र की मतदाता सूची, 2.89 करोड़ नाम हटाये गये

लखनऊ, निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने आज विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया के तहत उत्तर प्रदेश की मसौदा (ड्राफ्ट) मतदाता सूची जारी की जिसमें लगभग दो करोड़ 89 लाख नाम हटा दिये गये हैं।
अब एसआईआर ड्राफ्ट लिस्ट में कुल मतदाताओं की संख्या 15.44 करोड़ से घटकर 12.56 करोड़ हो गई है, जो लगभग 18.70 प्रतिशत कम है।
यूपी के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि 27 अक्टूबर को मतदाता सूची जारी करते समय प्रदेश में 15 करोड़ 44 लाख 30 हजार 92 मतदाता पंजीकृत थे। जिसमे मतदाताओं से 12 करोड़ 55 लाख 56 हजार 25 गणना प्रपत्र प्राप्त हुए, जो कुल मतदाताओं का 81.30 प्रतिशत है।
प्रेस कांफ्रेंस के दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने कहा कि 27 अक्टूबर 2025 को पहले दौर की मतदाता सूची को फ्रीज किया गया था। उस समय उत्तर प्रदेश में कुल 15 करोड़ 44 लाख 392 मतदाता पंजीकृत थे। इसके बाद चार नवंबर 2025 से गणना चरण शुरू होकर 26 दिसंबर 2025 तक चली।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि इस दौरान मतदाताओं से 12 करोड़ 55 लाख गणना प्रपत्र प्राप्त हुए, जो कुल मतदाताओं का 81.30 प्रतिशत है। पुनरीक्षण में 46,23,796 लाख मतदाता मृत पाए गए, जो 2.99 प्रतिशत हैं। वहीं 79,52,190 मतदाता ट्रेस नही हो सके जबकि 12,97,74,72 करोड़ मतदाता अन्यत्र स्थानांतरित हो चुके थे। इसके अलावा 25.47 लाख मतदाता ऐसे चिन्हित किए गए, जिनके नाम मतदाता सूची में एक से अधिक स्थानों पर दर्ज पाए गए। ऐसे मामलों में मतदाता का नाम केवल एक ही स्थान पर रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि मतदाता सुविधा और मानकों को ध्यान में रखते हुए एक मतदान केंद्र पर 1200 से अधिक मतदाता न हों, इसके लिए प्रदेश में 15,430 नए मतदेय स्थल बनाए गए हैं। विशेष पुनरीक्षण की पूरी प्रक्रिया में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों का सक्रिय सहयोग रहा। प्रदेश के सभी 75 जिलों में दलों के साथ बैठकें की गईं और उन्हें मतदाता सूची की सॉफ्ट कॉपी एवं प्रिंटेड कॉपी उपलब्ध कराई गई। अब तक 1546 बैठकें राजनीतिक दलों के साथ आयोजित की जा चुकी हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि, 6 जनवरी 2026 से 6 फरवरी 2026 तक दावा एवं आपत्ति की अवधि निर्धारित की गई है। इस अवधि में पात्र मतदाता फॉर्म-6, 6क, 7 एवं 8 के माध्यम से नाम जोड़ने, संशोधन कराने या आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। जिन मतदाताओं की मैपिंग नहीं हो सकी है, उन्हें बीएलओ के माध्यम से नोटिस भेजे जाएंगे और वे माता–पिता का नाम सहित विवरण सही करा सकेंगे। अब तक 15 लाख 78 हजार 423 फॉर्म-6 प्राप्त हो चुके हैं।
उन्होंने कहा कि आयु पात्रता के अनुसार 1 जनवरी 2026 को 18 वर्ष पूर्ण करने वाले युवाओं के नाम इस सूची में शामिल होंगे, जबकि एक अक्टूबर 2026 को 18 वर्ष पूर्ण करने वालों के नाम बाद में अक्टूबर माह में जोड़े जाएंगे। सभी दावों और आपत्तियों के निस्तारण के बाद छह मार्च 2026 को उत्तर प्रदेश की अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
• पुनरीक्षण में 46,23,796 लाख मतदाता मृत पाए गए, जो 2.99 प्रतिशत हैं
• वहीं 79,52,190 मतदाता ट्रेस नही हो सके
• जबकि 12,97,74,72 करोड़ मतदाता अन्यत्र स्थानांतरित हो चुके थे
• 25.47 लाख ऐसे, जिनके नाम मतदाता सूची में एक से अधिक स्थानों पर
• राज्य में 15030 नए बूथ जोड़े गए




