शावक के आवक के इंतजार में है इटावा सफारी

इटावा, एशियाई शेरों के सबसे बड़े आशियाने के तौर पर लोकप्रिय उत्तर प्रदेश की इटावा सफारी पार्क एक बार फिर शावक की आवक की प्रतीक्षा कर रहा है।

पार्क के निदेशक डॉ.अनिल कुमार पटेल ने बुधवार को बताया कि इटावा सफारी पार्क में एक बार फिर से शेरों का कुनबा बढ़ाने जा रहा है,ऐसी संभावना हैं कि अगले महीने की शुरुआत में सफारी में कुछ शावको का जन्म होगा।

उन्होंने बताया कि इटावा सफारी पार्क में जन्मी नीरजा नाम की शेरनी की मीटिंग कान्हा नामक शेर से कराई गई है। परिणामस्वरूप गर्भवती हुई शेरनी नीरजा के एक या दो जून को शावको के जन्म देने की उम्मीद जताई जा रही है।

डा पटेल ने बताया कि शेरों का कुनबा बढ़ाने से पहले ही सफारी प्रबंधन ने पूरी सतर्कता बढ़ाते हुए इटावा सफारी पार्क में विशेषज्ञ डॉक्टर को भेज दिया है जिन्होंने आज अपना कामकाज संभाल लिया है। एक शेरनी गर्भवती है और अगले महीने की शुरुआत में यह शेरनी शावकों को जन्म देगी । इस मद्देनजर गर्भवती शेरनी की विशेष देखभाल की जा रही है। गर्भवती शेरनी के बारे में राज्य मुख्यालय पर बैठे वन विभाग के उच्च अधिकारियों को भी सूचना दे दी गई है। सफारी प्रशासन के अनुरोध पर वन विभाग ने विशेषज्ञ डॉक्टर आर.के. सिंह को इटावा सफारी पार्क भेज दिया है जिन्होंने आज अपना पदभार ग्रहण कर लिया है।

डॉ.आर.के.सिंह के लिए सफारी आने का यह कोई पहला मौका नहीं है । इससे पहले भी डॉक्टर आर.के.सिंह कई दफा सफारी में अपनी सेवाएं विशेषज्ञ डॉक्टर के रूप में दे चुके हैं। पिछले साल गंभीर आपदा के दौरान भी डॉक्टर आर.के. सिंह ने सफारी के शेरों का गहनता के साथ इलाज किया है। डॉ आरके सिंह सफारी के शेरों और अन्य व्यवस्थाओं से काफी परिचित है, संभवत इसीलिए उन्हें इटावा सफारी पार्क में शावको के जन्म से पहले भेजा गया है ताकि शेरनी की पूरी देखभाल हो सके और सबको के जन्म के बाद उनकी देखभाल की जा सके।

डॉ. सिंह को दो महीने के लिए इटावा सफारी पार्क में विशेषज्ञ डॉक्टर के रूप में भेजा गया है इसके लिए सफारी प्रबंधन ने अनुरोध किया था जिसे स्वीकार कर लिया गया है। सफारी में पहले से ही दो डॉक्टर तैनात हैं इसी बीच शेरनी को ब्रीडिंग सेंटर में रखा गया है उसकी पूरी तरह से देखभाल की जा रही है।

सफारी प्रबंधन ने विशेष डॉक्टर का इंतजाम इसलिए किया है कि पिछले साल एक एक बाद एक करके जन्मे 7 शावको में से 6 की मौत तकनीकी खामियों के चलते हो गई। 6 शावको की मौत के बाद समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने इटावा सफारी में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी का जिक्र करते हुए उत्तर प्रदेश सरकार को आड़े हाथों लिया था,इसके बाद अब सफारी प्रबंधन ने विशेषज्ञ डॉक्टर आर.के.सिंह की तैनाती 2 महीने के लिए सफारी में की है।

सफारी में पिछले साल हुई शावको की मौत के बाद इटावा सफारी पार्क की निदेशक दीक्षा भंडारी को पद मुक्त शुरआती दौर में सफारी के उपनिदेशक रहे डॉ अनिल कुमार पटेल को निदेशक के रूप में तैनात कर दिया है।