आज की खास खबरें

ईरान, अमेरिका और इज़रायल युद्ध के बीच एक अच्छी खबर आई है। ईरान ने जहाजों को होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुज़रने की अनुमति देने की बात कही हैं। ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियान के कार्यालय ने यह जानकारी दी है। जानकारी के अनुसार, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ के साथ हुई फोन वार्ता में कहा, “किसी भी सूरत में, ईरान ने इस जलमार्ग से जहाज़ों के पार होने के लिए सुरक्षा एवं रक्षा के इंतजाम किये गये हैं। शत्रु देशों को छोड़कर अन्य देशों के जहाजों को इस रास्ते से गुज़रने के लिए आवश्यक सहयोग दिया जाएगा।” जिसके अनुसार, ईरान ने अमेरिका और इज़रायल को छोड़कर अन्य देशों के जहाजों को होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुज़रने की अनुमति देने के लिए आवश्यक कदम उठाए हैं। अमेरिका-इजरायल के साथ संघर्ष के कारण ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया है, जहां से पूरी दुनिया का करीब 20 प्रतिशत तेल एवं तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) होकर गुजरती है। इससे पूरी दुनिया में कच्चे तेल का निर्यात प्रभावित हुआ है।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने दावा किया है कि पाकिस्तान एक तरफ अमेरिका और इजरायल और दूसरी तरफ ईरान के बीच एक प्रमुख मध्यस्थ के रूप में उभरा है जो भारत के लिए एक गंभीर झटका है। जयराम रमेश ने सोशल मीडिया ‘एक्स’ पर अपने संदेश में अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए कहा कि यह सब स्वयं को घोषित करने वाले ‘विश्वगुरु’ के कारण है।” वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में भारत की “निस्संदेह सैन्य सफलताओं” के बावजूद पाकिस्तान ने पिछले एक साल में कूटनीतिक रूप से नई दिल्ली को पीछे छोड़ दिया है। उन्होंने कहा, “दुखद वास्तविकता यह है कि उसके बाद पाकिस्तान का कूटनीतिक जुड़ाव और विमर्श प्रबंधन मोदी सरकार की तुलना में काफी बेहतर रहा है।” उन्होंने कहा कि इस्लामाबाद, जो कभी गंभीर राजनीतिक, आर्थिक और वैश्विक चुनौतियों का सामना कर रहा था, अब फिर से प्रासंगिक हो गया है।
सामाजिक परिवर्तन के महानायक और बहुजन समाज पार्टी के संस्थापक कांशीराम को भारत रत्न दिए जाने की मांग राज्यसभा में की गई है। समाजवादी पार्टी के रामजीलाल सुमन ने शून्यकाल के दौरान यह विषय उठाते हुए कहा कि श्री कांशीराम ने देश के बहुसंख्यक समाज के लिए उल्लेखनीय योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि श्री कांशीराम सरकारी नौकरी छोड़कर देश के बहुसंख्यक समाज को उनका हक दिलाने के लिए जन जागरण अभियान शुरू किया और इस समाज के लोगों को सम्मान का जीवन जीने के लिए प्रेरित किया। सांसद रामजीलाल सुमन ने कहा कि उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी अनेक अवसरों पर सार्वजनिक रूप से श्री कांशीराम को को भारत रत्न से सम्मानित किए जाने की मांग की है।
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार चौथी बार जदयू के निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिये गए हैं। नीतीश कुमार की तरफ से जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष ने दिल्ली स्थित पार्टी के राष्ट्रीय कार्यालय में 19 मार्च को नामांकन किया था। नामांकन की आखिरी तारीख 22 मार्च थी। नीतीश कुमार के अलावा जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए कोई और नामांकन नहीं हुआ। अत: 22 मार्च को ही यह तय हो गया था कि नीतीश कुमार निर्विरोध जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाएंगे। नामांकन पत्र की जांच 23 मार्च को हुई और आज यानी 24 मार्च को नामांकन वापसी की आखिरी तारीख थी। किसी अन्य उम्मीदवार के नहीं रहने की वजह से नामांकन वापसी की भी औपचारिकता नहीं थी। आज निर्वाचन अधिकारी अनिल हेगड़े ने उनके नाम की घोषणा की और चुनाव प्रमाण पत्र संजय झा को सौंपा ।
2003 में जदयू के गठन से अब तक पांच राष्ट्रीय अध्यक्ष हुए हैं। वर्ष 2003 से 2006 तक जार्ज फर्नांडिस जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे। उनके बाद वर्ष 2006 में शरद यादव राष्ट्रीय अध्यक्ष बने और 2016 तक रहे। शरद यादव के बाद नीतीश कुमार 2016 में पहली बार जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने और 2020 तक कामकाज संभाला। वर्ष 2020 में उन्होंने आरसीपी सिंह को जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष की कमान सौंप दी। इसके बाद 2021 से 2023 तक राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। उनके बाद 2023 से अब तक जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष की कमान नीतीश कुमार के पास है।
सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि हिंदू, सिख और बौद्ध धर्म के अलावा किसी और धर्म को मानने वाला व्यक्ति अनुसूचित जाति के दर्जे और उससे मिलने वाले लाभों का हकदार नहीं है. सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस प्रशांत मिश्रा और जस्टिस एन वी अंजारिया की बेंच ने संविधान के अनुसूचित जाति आदेश, 1950 का हवाला देते हुये कहा है कि इस आदेश के खंड 3 के मुताबिक हिंदू, सिख, बौद्ध के अलावा किसी अन्य धर्म में धर्मांतरण करने वाला व्यक्ति जन्म के आधार पर मिलने वाला एससी का दर्जा तुरंत खो देता है. कोई भी संवैधानिक लाभ, आरक्षण या कानूनी सुरक्षा उस व्यक्ति को नहीं दी जा सकती जो अनुसूचित जाति का सदस्य नहीं है. आंध्र प्रदेश के पित्तलवानीपालेम के रहने वाले चिंथदा आनंद ने खुद को SC वर्ग का बताते हुए एक FIR दर्ज करवाई. उनका आरोप था कि कुछ लोगों ने उनके साथ मारपीट की और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर अपमानित किया. SC/ST एक्ट के तहत दर्ज FIR के खिलाफ आरोपी पक्ष हाई कोर्ट पहुंचा. वहां आरोपी पक्ष ने दलील दी कि शिकायतकर्ता ईसाई धर्म अपना चुका है. 10 साल से ज्यादा समय से वह एक पादरी के तौर पर काम कर रहा है. इसलिए, वह अनुसूचित जाति का हिस्सा नहीं रह गया है. 30 अप्रैल 2025 को हाई कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार किया और पादरी की तरफ से दर्ज FIR को रद्द कर दिया. सुप्रीम कोर्ट ने आंध्र प्रदेश हाई कोर्ट के उस आदेश को बरकरार रखा है, जिसमें एक ईसाई पादरी की तरफ से दर्ज एससी/एसटी एक्ट की FIR को रद्द किया गया था.
बॉलीवुड स्टार रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर: द रिवेंज ने भारतीय बाजार में 519 करोड़ रूपये से अधिक की कमाई कर ली है। आदित्य धर के निर्देशन में बनी ब्लॉकबस्टर फिल्म धुरंधर की सीक्वल धुरंधर: द रिवेंज बॉक्स ऑफिस पर धमाकेदार कमाई कर रही है। इस फिल्म में रणवीर सिंह, आर माधवन, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, राकेश बेदी और सारा अर्जुन की अहम भूमिका है।
इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर भी इतिहास रच दिया है। फिल्म ने पांच दिन में ही देश में 500 करोड़ रुपये से अधिक का नेट कलेक्शन कर लिया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ ने पेड प्रीव्यू के दौरान 18 मार्च को 43 करोड़ रूपये की कमाई की। फिल्म ने रिलीज के पहले दिन 19 मार्च को 102.55 करोड़ का कलेक्शन किया। वहीं फिल्म ने दूसरे दिन 80.72 करोड़ तीसरे दिन 113 करोड़, चौथे दिन 114.85 करोड़ रूपये और पांचवे दिन 65 करोड़ की कमाई की।इस तरह फिल्म ने भारतीय बाजार में 519.12 करोड़ रुपये की कमाई कर ली है।





